जैसलमेर किले का इतिहास और उसकी रोचक जानकारी-Jaisalmer Fort History in Hindi

जैसलमेर का किला विश्व में सबसे विशाल और प्रमुख किलो में से एक माना जाता है इस कारण इस किले को विश्व धरोवर की लिस्ट में भी शामिल किया गया ये किला अपनी अलग अलग वास्तुशिल्प के कारण काफी प्रसिद है यह खूबी किले को बाकि किलो से अलग बनती है। 

जैसलमेर किले को सोनार किला या स्वर्ण किले के नाम से भी जाना जाता है इस किले का निर्माण राजपूत शासक रावल जैसल के द्वारा 1156 इस्वी में करवाया गया जैसलमेर का किला थार मरुस्थल के त्रिकुटा पहड़ी पर स्थित है।

इस किले का निर्माण पीले रंग के बलुआ पत्थर और पीली रेत से किया गया है किले पर सूरज की रौशनी पड़ने पर सोने के समान प्रतीत होता है  इस कारण जैसलमेर किले को स्वर्ण किले के नाम से भी जाना जाता है जैसलमेर शहर में जैसलमेर किला सबसे लोकप्रिय पर्यटक स्थल में से एक है।

इस किले में कई खुबसूरत महल, मंदिर, परिसर, बड़े भवन और सुन्दर हवेलियाँ बनी हुयी है जो इस किले की सुन्दरता में चार चाँद लगती है जिन के बारे में आप को निचे जाने को मिलेगा।

Jaisalmer Fort

जैसलमेर किले का इतिहास (History of Jaisalmer Fort):-

जैसलमेर किला जिसे सोनाल किले के नाम से भी जाना जाता है इस बेहतरीन किले का निर्माण 1156 इस्वी में राजपूतो के शासक राजा रावल जैसल के द्वारा त्रिकुटा पहड़ी पर करवाया गया पर वे जैसलमेर किले पर ज्यादा समय तक शासन नही कर सके।

इतिहासकारों का कहना है की 1293-1294 इस्वी में दिल्ली के सुल्तान अलाउदीन खिलजी ने जैसलमेर किले पर हमला बोल दिया इस युद्ध में राजा  रावल जैसल की हर हुयी और सुल्तान अलाउदीन खिलजी ने जैसलमेर किले पर कब्जा कर लिया जिसके बाद अलाउदीन खिलजी ने करीब 9 साल तक किले पर शासन किया।

इसके बाद 1541 ईसवी में जैसलमेर किले पर मुगल सम्राट हुमायूं के द्वारा हमला किया गया जिस में सम्राट हुमायूं की जीत हुयी मुगल सम्राट हुमायूं की ताकत को देखते हुए राजा रावल जैसल ने मुगलो से हाथ मिला लिया और अपनी बेटी की शादी मुगल सम्राट के बेटे अकबर से करवा दी।

जैसलमेर किले पर मुगलों का राज करीब 1762 इस्वी तक रहा इसके बाद राजा मूलराज ने जैसलमेर किले पर अपना कब्जा जमा लिया और शासन करने लगे और मूलराज की मोत के बाद 1820 इस्वी में जैसलमेर किले पर उन के पोते गज सिंह ने शासन किया।

Jaisalmer Fort

जैसलमेर किले की वास्तुकला (Architecture of Jaisalmer Fort):-

यह जैसलमेर किला विश्व में प्रसिद किलो में से एक है इस किले का निर्माण पीले रंग के बलुआ पत्थर और पीली रेत से किया गया है जब सूर्य की किरने इस किले पर पड़ती है तो यह किला सोने के समान चमकता है जिस करण इस किये को सोनार किला या स्वर्ण किला भी कहते है।

यह किला अपनी वास्तुशिल्प के कारण भी सबसे प्रसिद है यह सम्पुण जैसलमेर किला 3 प्रकार की भारतीय, इस्लामी और फारसी वास्तुशैलियों से मिल के बना हुआ है यह खुबू इस किले को बाकि किलो से अलग बनती है।

जैसलमेर किला 76 ऊँची त्रिकुटा पहड़ी पर बना हुआ है यह किला चारो और से विशाल दीवारों से घिरा हुआ है इस किले की चौड़ाई 230 मीटर है और इस की लम्बाई 460 मीटर है जैसलमेर किले में 4 बड़े सुन्दर नकासी के द्वार बने हुए है जिने रंग पोल, गणेश पोल, जवाहर पोल और हवा पोल के नाम से जाना जाता है जिन में से एक दरवाजे के बहार विशाल तोपे लगाई गयी है।

Jaisalmer Fort

ज़िगज़ैग रस्ते का सबसे अंतिम द्वार दशहरा चौक में खुलता है जैसलमेर किले में रावल पेलेस स्थित है जो इस किले का मुख्य आकर्षक का केंद्र है इस पेलेस का निर्माण राजा रावल जैसल के द्वारा करवाया गया था यह पेलेस किले का सबसे सुन्दर पेलेस में से एक है इस पेलेस में संगमरमर का बना एक सिंहासन मोजूद है जिस पर महीन और सुन्दर नकासी हुयी है इस करण यह पेलेस सबसे लोकप्रिय माना जाता है।

इस रावल पेलेस के सामने 5 मंजिला टावर मोजूद है जिसे ताज़िया टॉवर के नाम से जाना जाता है इतना ही नही इस किले में सुन्दर बहुमंजिला हवेलियाँ, मंदिर, सुन्दर नकासी के द्वार, खिड़कियाँ और महल बने हुआ है जिन पर किसी का भी मान मोह लेने वाली आर्कषक कलाकृतियां  बनी हुयी है।

इस जैसलमेर किले में एक विशाल लाइब्रेरी भी मोजूद है जहाँ कई पुराणी पारम्परिक पुस्तके रखी हुयी है इस किले में एक सुन्दर लक्ष्मीनाथ जी के मंदिर का भी निवेश है जिस पर कई सुन्दर पारम्परिक कलाकर्तियाँ बनी हुयी है यहाँ तक की आप को इस किले में एक बेहतरीन जलनिकास सिस्टम भी दिखाई देगा जिसे घूंटनाली के नाम से जाना जाता है।

Jaisalmer Fort

जैसलमेर किले के आसपास पर्यटन स्थल (Tourist place around Jaisalmer Fort):-

अगर आप जैसलमेर घुमने या जैसलमेर किला देखने जाने का प्लान बना रहे है तो आप को यहाँ भी जरुर जाना चाहिए जो की जैसलमेर की प्रसिद जगहों में से एक है देखने लायक और बहुत ही सुंदर जगह है ये सभी जैसलमेर किले के समीप ही स्थित है। और काफी लोकप्रिय पर्यटक स्थलो में से एक है।

  • जैन मंदिर जैसलमेर
  • सेम सैंड ड्यून्स
  • डेजर्ट कल्चर सेंटर एंड म्यूजियम
  • ताजिया टावर और बादल महल
  • खाबा किला
  • भारत पाक सीमा जैसलमेर
  • शांतिनाथ मंदिर
  • चंद्रप्रभु मंदिर
  • डेजर्ट सफारी जैसलमेर
  • तनोट माता मंदिर
  • रामदेवरा मंदिर जैसलमेर
  • कुलधरा गांव जैसलमेर
  • सलीम सिंह की हवेली
  • पटवों की हवेली
  • डेजर्ट नेशनल पार्क जैसलमेर
  • अमर सागर झील
  • जैसलमेर वर म्यूजियम
  • नथमल की हवेली
  • लक्ष्मीनाथ मंदिर जैसलमेर
  • बड़ा बाग जैसलमेर
  • गड़ीसर झील जैसलमेर

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जैसलमेर किले में घुमने का सही समय,खुलने का समय और प्रवेश शुल्क :-

घुमने का सही समय :-

अगर आप जैसलमेर किला घूमने जाने का विचार बना रहे हैं तो हम आपको बता दें कि वैसे तो साल में आप कभी भी जा सकते हैं लेकिन अप्रैल से जून तक के महीने में ना जाए क्योंकि इन महीनों में राजस्थान में गर्मी बहुत पड़ती है इसलिए आप नवंबर से लेकर मार्च तक के महीनों में वहां घूमने जा सकते हैं इस समय मौसम ठंडा रहता है और देखने लायक होता है।

खुलने का समय :-

जैसलमेर किला सुबह 9:00 बजे से लेकर शाम को 5:00 बजे तक खुला रहता है।

प्रवेश शुल्क :-

        भारतीयों के लिए    30 ₹
       विदेशियों के लिए    70 ₹
     वीडियो कैमरे का चार्ज   150 ₹
       फोटो कैमरे का चार्ज    50 ₹
Jaisalmer Fort

जैसलमेर किले तक केसे पहुंचे (How to reach Jaisalmer Fort) :-

ट्रेन से जैसलमेर किले तक केसे पहुंचे :-

अगर आप ट्रेन से जाने की सोच रहे हैं तो आप को बता दे की जैसलमेर शहर का अपना एक रेलवे स्टेशन है जैसलमेर रेलवे स्टेशन जो सभी शहरों से आसानी से जुड़ा हुआ है आप इस जैसलमेर रेलवे स्टेशन से बस या टेक्सी ले सकते है और किले तक पहुच सकते है।

हवाई अड्डा से जैसलमेर किले तक केसे पहुंचे :-

अगर आप हवाई जहाज से जाना चाहते हैं तो आप को बता दे की जैसलमेर किले के सबसे निकटतम जोधपुर हवाई अड्डा है जो की जैसलमेर शहर से केवल 5 से 6 घंटे की दूर पर स्थित है वह से आप बस या टेक्सी की मदद से किले तक पहुंच सकते है।

सड़क मार्ग से जैसलमेर किले तक केसे पहुंचे :-

अगर आप सड़क मार्ग के रास्ते से जाना चाहते हैं तो आप खुद के साधन से भी जा सकते हैं यह जैसलमेर किला सड़क मार्ग के द्वारा सभी प्रमुख शहरों से जुड़ा हुआ है और सभी शहरों में चलने वाली सार्वजनिक बसे भी आपको जैसलमेर किले तक पहुंचा सकती हैं।

जैसलमेर किले तक पहुंचने का मेप :-

सवाल जवाब (Question Answer) :-

  • जैसलमेर किला कहां स्थित है?

राजस्थान के जैसलमेर जिले में

  • जैसलमेर किला कौन से राज्य में है?

राजस्थान

  • जैसलमेर किले का निर्माण किस राजवंश ने किया?

      राजपूत शासक रावल जैसल के द्वारा किया गया

  • जैसलमेर किले की स्थापना कब हुई?

      जैसलमेर किले की स्थापना 1156 इस्वी में हुई

  • जैसलमेर किला क्यों फेमस है?

     जैसलमेर किला अपनी अनुटी वास्तुशिल्पी के कारण बहुत फेमस है

  • जैसलमेर किला प्रेरकों के लिए कितने बजे खुलता और बंद होता है?

     जैसलमेर किला सुबह 9:00 बजे से शाम को 5:00 बजे तक खुलता है

सबसे महत्वपूर्ण बाते (Most important topic) :-

दोस्तों की ऐतिहासिक इमारतों महलों और पर्यटक स्थलों पर यात्रा अवधि टिकट के पैसे जैसे छोटी चीजें बदलती रहती है।

यदि अगर आप को इनके बारे में पता है तो आप कमेंट में जरूर लिखें हम आपके द्वारा दी गई जानकारी जल्द ही अपडेट कर देंगे और यदि इस पोस्ट में हमसे कोई गलती हो गई है तो वह जरूर बताएं।

धन्यवाद

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